नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी ने उत्तर प्रदेश से राज्यसभा चुनाव के लिए अपनी आठ उम्मीदवारों की सूची जारी कर दी है। इस लिस्ट में सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी और बनवारी लाल (बीएल) वर्मा का नाम शामिल नहीं है। दोनों वर्तमान में राज्यसभा सांसद हैं और उनका कार्यकाल 25 नवंबर 2026 को समाप्त हो रहा है।

पार्टी की केंद्रीय चुनाव समिति द्वारा अनुमोदित इस सूची में धर्मपाल सिंह, राधाकांत ओझा, प्रकाश पाल, विद्यासागर सोनकर, गोपी कृष्ण पाण्डेय, प्रियंका सिंह रावत, राम प्रताप सिंह चौहान और श्रुति गंगवार के नाम शामिल हैं। इनमें दो महिला उम्मीदवार भी हैं—प्रियंका सिंह रावत और श्रुति गंगवार।
राज्यसभा टिकट न मिलने से कैबिनेट पर सवाल

हरदीप पुरी पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हैं, जबकि बीएल वर्मा उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय में राज्य मंत्री हैं। दोनों को यूपी से दोबारा टिकट न मिलने के बाद राजनीतिक हलकों में चर्चा शुरू हो गई है कि क्या इन्हें मोदी कैबिनेट से भी बाहर किया जा सकता है। राज्यसभा में बने रहने के लिए सांसद होना जरूरी होता है, इसलिए इनके भविष्य को लेकर अटकलें तेज हो गई हैं।
इससे पहले स्मृति ईरानी, वरुण गांधी और संजीव बाल्यान जैसे नामों की भी चर्चा चल रही थी, लेकिन उन्हें भी लिस्ट में जगह नहीं मिली। पार्टी ने जातीय समीकरणों को साधते हुए तीन ओबीसी, दो दलित और तीन सामान्य वर्ग (दो ब्राह्मण और एक ठाकुर) के उम्मीदवार चुने हैं।
कब होगा मतदान?
उत्तर प्रदेश की 10 राज्यसभा सीटों पर 16 अक्टूबर को मतदान होना है। बीजेपी की विधानसभा में संख्याबल को देखते हुए वह आठ सीटें जीतने की स्थिति में है। शेष दो सीटें समाजवादी पार्टी के खाते में जा सकती हैं। उत्तराखंड की एक सीट और पश्चिम बंगाल की एक उपचुनाव वाली सीट पर भी चुनाव उसी दिन होंगे।
बीजेपी ने इस बार पुराने चेहरों की जगह नए और संगठन से जुड़े नेताओं को मौका दिया है। यह फैसला 2027 के यूपी विधानसभा चुनाव से पहले जाति और क्षेत्रीय संतुलन बनाने की रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है!
रिपोर्ट :सुरेंद्र कुमार

