नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में जजों की स्वीकृत संख्या बढ़ाने का बड़ा फैसला लिया है। सरकार ने शनिवार को अध्यादेश जारी कर शीर्ष अदालत में जजों की संख्या 34 से बढ़ाकर 38 कर दी है। इस फैसले के बाद अब सुप्रीम कोर्ट में 6 नए जजों की नियुक्ति का रास्ता साफ हो गया है।
विधि मंत्रालय ने सुप्रीम कोर्ट (जजों की संख्या) अधिनियम, 1956 में संशोधन करते हुए इस अध्यादेश की अधिसूचना जारी की। नए आदेश के तहत प्रधान न्यायाधीश सहित कुल 38 जजों की स्वीकृत संख्या तय की गई है।
मौजूदा स्थिति
वर्तमान में सुप्रीम कोर्ट में 2 पद रिक्त हैं। अध्यादेश के तत्काल प्रभाव से लागू होने के बाद अब 6 पदों पर नियुक्तियां हो सकेंगी। सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम को अब 6 नामों की सिफारिश केंद्र सरकार को भेजनी होगी।
सरकार ने पहले ही पांच मई को मंत्रिमंडल की बैठक में इस संबंध में मसौदा विधेयक को मंजूरी दे दी थी। मानसून सत्र में इस अध्यादेश को विधेयक के रूप में संसद में पेश कर कानून बनाया जाएगा।

बता दें कि सुप्रीम कोर्ट में जजों की संख्या (मुख्य न्यायाधीश को छोड़कर) आखिरी बार वर्ष 2019 में 30 से बढ़ाकर 33 की गई थी। अब चार और जज बढ़ाए जाने से शीर्ष अदालत की कार्यक्षमता बढ़ाने में मदद मिलेगी।यह फैसला लंबे समय से लंबित मुकदमों के निपटारे और न्याय प्रक्रिया को तेज करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
रिपोर्ट :सुरेंद्र कुमार

